डॉ अनुरूद्ध वर्मा ,एडीटर-ICN गर्मी की चिलचिलाती धूप और लू के बाद बरसात की फुवारें एक नई ताजगी और स्फूर्ति का अहसाह कराती हैं |परंतु सुहावना बरसात का मौसम अपने साथ कई तरह की बीमारियों को भी लेकर आता है। बरसात में जहां पेट, दस्त ,फ़ूड विषाक्तता, जॉन्डिस , मियादी बुखार तथा अन्य कई संक्रामक बीमारियां होने का खतरा बहुत बढ़ जाता है वंही पर बरसात के मौसम में वातावरण में नमी काफी बढ़ जाती है,जिसके कारण कई तरह के जीवाणु और फंगस आदि काफी सक्रिय हो जातें है इस…
Read MoreYear: 2020
गीत-गीता : 12
तरुण प्रकाश श्रीवास्तव , सीनियर एग्जीक्यूटिव एडीटर-ICN ग्रुप (श्रीमद्भागवत गीता का काव्यमय भावानुवाद) द्वितीय अध्याय (सांख्य योग) (छंद 43-49) श्रीकृष्ण : ( श्लोक 11-53) स्पष्ट तत्व है इसका, फिर भी भ्रम डोला करता। कोई कोई सब सुनकर, संशय ही खोला करता।। (43) आत्मा अवध्य हे भारत, हर प्राणी की होती है। है कहाँ शोक फिर इसमें, दुनिया नाहक रोती है।।(44) तू धर्म समझ तो अपना, क्षत्रिय कुल जो धरना है। हो एक बिंदु पर केंद्रित, बस धर्मयुद्ध करना है।। (45) खुद स्वर्ग द्वार खुलते हों, ऐसे…
Read Moreउर्दू शायरी में ‘धूप’: 1
तरुण प्रकाश श्रीवास्तव, सीनियर एग्जीक्यूटिव एडीटर-ICN ग्रुप धूप का ख़याल आते ही ज़ह्न में रोशनी और तपन भर जाती है। धूप रोशनी भी है और ज़िंदगी भी। धूप अगर जीवन के चमकदार पक्ष की वकालत करती है तो वह जीवन के जलते हुये सफ़र की साक्षी भी है। धूप के अनेकों रंग हैं और वैज्ञानिक तथ्य तो यह है कि जब सारे रंग एक साथ मिल जाते हैं तो ‘धूप’ बन जाती है। उर्दू शायरी में इस बहुआयामी धूप को तरह-तरह से परिभाषित करने की कोशिशें हुई हैं लेकिन…
Read Moreबॉलीवुड की यहूदी परियां : एक नज़राना (श्रद्धांजलि)-प्रमिला (Esther Victoria Abraham)
एज़ाज़ क़मर, डिप्टी एडिटर-ICN (The Jewish Fairies of Bollywood : A Tribute) नई दिल्ली। बॉलीवुड मे यहूदी अभिनेत्रियो के आगमन से पहले पुरुष कलाकार महिलाओ की भूमिका भी अदा किया करते थे,क्योकि संभ्रांत/सम्मानित परिवारो की महिलाये फिल्मो मे काम (अभिनय) करना दुष्कर्म (पाप) समझती थी,बल्कि सिर्फ राजा-नवाब के दरबार मे नाचने-गाने वाली नर्तकी-गायिका ही फिल्मो मे काम करने का ज़ोख़िम लेती थी।फिर बॉलीवुड से जुड़े परिवारो की महिलाये अपने परिवार के पुरुष सदस्यो की सहायता के नाम पर फिल्मो मे अभिनय करने लगी,किंतु क्रांति तब आई जब कामकाजी महिलाये अधिक…
Read Moreप्रवासी भारतीय समुदाय तथा भारत-प्रेमी विदेशी मित्रो ने थाईलैंड मे आई.सी.एन. इंटरनेशनल के ग्रामीण उद्यमिता कार्यक्रम के अंतर्गत “ग्रामीण विकास और स्वावलंबन” का बिगुल बजाया !
एज़ाज़ क़मर, डिप्टी एडिटर-ICN नई दिल्ली। दिनांक 18 जुलाई 2020 को थाइलैंड मे उद्यान-थानी (Udon thani) प्रांत के बेन-फू (Ban phue) ज़िले के गांव-2 (Moo-2) मे आई०सी०एन० समूह द्वारा इंटरनेट सुविधा की चालू (Online) सेवा के माध्यम से “ग्रीन स्पॉट्स अंडर आई०सी०एन० इंटरनेशनल रूलर एंटरप्रेन्योरशिप सीरीज़ – 1” पर एक अंतर्राष्ट्रीय वेब-सेमीनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के आयोजक और आई०सी०एन० के एडीटर (इंटरनेशनल) राजीव सक्सेना ने अपने साथी तथा सहयोगी आयोजको को कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिये धन्यवाद देते हुये कहा कि “इंटरनेशनल रूरल-एंटरप्रेन्योरशिप(अंतर्राष्ट्रीय ग्रामीण-उद्यमिता) का माडल ही…
Read Moreअंतर्राष्ट्रीय ग्रामीण उद्यमिता कार्यक्रम के द्वारा थाईलैंड मे आई.सी.एन. समूह ने “ग्रामीण विकास और स्वावलंबन” का संकल्प लिया
थाइलैंड। 18.07.2020. कोविड-19 से जूझता विश्व जब भय से विस्फारित नेत्रों से बड़ी महाशक्तियों को अपने दोनों हाथों में विध्वंसकारी हथियारों को तौलते देख रहा है और पल प्रति पल थोपे जा रहे विश्वयुद्ध के फिसलन भरे रास्ते पर कदम दर कदम विश्वयुद्ध की ओर अपने आो को अनायास ही फिसलता महसूस कर रहा है, उस समय कोई विश्व विकास की बात करे तो आश्चर्य तो होगा ही और साथ में राहत भी कि मानवता अभी भी कुछ लोगों में दिल बनकर धड़क रही है।भूख दुनिया के किसी भी हिस्से…
Read Moreबॉलीवुड की यहूदी परियां : एक नज़राना (श्रद्धांजलि)-सुलोचना (Ruby Myers)
एज़ाज़ क़मर, डिप्टी एडिटर-ICN (The Jewish Fairies of Bollywood : A Tribute) नई दिल्ली। पहली पत्नी सायरा से जन्मे पैगंबर इब्राहीम के मंझले पुत्र इसाक़ के बेटे याकूब (इज़रायल) के वंशजो को इज़रायली अर्थात यहूदी कहा जाता है,जब मनुष्य अनाज के एक-एक दाने के लिये संघर्ष करता था तब यहूदियो की जिंदगी मे रंग भरे होते थे,इसलिये “खुदा के चुने हुये लोग (मनुष्य)” होने के घमंड ने उन्हे मानव-जाति से अलग-थलग कर दिया।विरोधियो के निशाने पर आ जाने के बावजूद भी उनका आत्मविश्वास नही टूटा,बल्कि यहूदियो की अभिनव सोच और खोजी…
Read Moreगीत : फिर हसीं शाम मुस्कराई है …
केवल कुमार, एंटरटेनमेंट एडिटर-ICN “घर पर रहें – घर पर सुनें” हर रोज़ नए गाने गीत – फिर हसीं शाम मुस्कराई है … गायक –अवधेश गोस्वामी (मुंबई) संगीतकार – केवल कुमार गीतकार – अशोक हमराही (गीत सुनने के लिए इस Link को छुएं) https://youtu.be/QjJRQ4p3sk0 अवधेश गोस्वामी जाने माने ग़ज़ल, सूफी, शास्त्रीय संगीत, भजन गायक हैं. प्रारम्भिक शिक्षा उन्होंने अपने पिता श्री सुदामा गोस्वामी जी से प्राप्त की. शास्त्रीय संगीत ग्वालियर घराने के श्री रागे श्री पुरंदरे जी से सीखा. उन्होंने राजा मान सिंह तोमर संगीत विश्व विद्यालय ग्वालियर से संगीत…
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सुहैल काकोरवी, लिटरेरी एडिटर-ICN ग्रुप इम्तिहां लेता है वह जाने बहारां सौ-सौ सामने मेरे बहकने के हैं सामां सौ-सौ She puts me to test hundred times excessively When I have before eyes things allury so many हमने पूछा की कहें तुमसे हम इक अपनी तलब उसका लहराते हुए कहना कि “हाँ हाँ” सौ-सौ I sought permission to tell one demand mine She replied joyously ,”yes” “yes”-“hundred”- “hunder ” “thou pine” तीरे-ए नादीदा ने घायल किया दिलदार का दिल साथ उसके रहे उसके थे निगह्बां सौ-सौ The unseen arrow wounded boloved’s…
Read Moreरे नगिनिया………
आकृति विज्ञा ‘अर्पण’, डिप्टी ब्यूरो चीफ-ICN U.P. गोरखपुर। यह गीत लिखते समय बहुत विस्तृत लिटरेचर मन में कौंध रहा था। असाढ़ और सावन यूं कहें यह हमेशा प्रासंगिक गीत है।स्त्री मन की व्यथा ऐसी है कि वह फूलो से पत्तों से बंटती हुई हवा में घुल जाती है। सहेली होना ऐसा भाव है जहाँ’ नगिनिया ‘ उपमा दु:ख और विरह को कुरेदते अपने को ,अपनी सखी को देना सामान्य सी बात है।मैंने इस गीत को जीने के लिये इस परिदृश्य को उतरकर महसूसा है भाव तक उतरिये मज़ा आयेगा।कजरी खेलने…
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