लखनऊ।आज एसजीपीजीआई प्रांगण में रेजीडेंट डॉक्टर एसोसिएशन द्वारा ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजन किया गया| मांगों के समर्थन में केजीएमयू और लोहिया संस्थान के रेजीडेंटस भी आये। विगत दिनों प्रयागराज में हुई कैबिनेट की ऐतिहासिक बैठक मे एसजीपीजीआई के कर्मचारियों को एम्स के समान वेतनमान देने की स्वीकृति दी गई थी।इस घोषणा में रेसिडेंट डॉक्टरों को अलग रख गया था।इसी के विरोध में रेजीडेंट डॉक्टर “एक सांस्था, एक विधान” के सूत्र को मानने हेतु एक नए अंदाज में अपने पक्ष को रखा।आंदोलन की इसी कडी में आज रेजीडेंटस डॉक्टरों ने लगभग 100 यूनिट ब्लड डोनेट कर मरीजो के हित में एक सकारात्मक पहल तो की ही साथ ही विरोध का एक नया अंदाज़ भी पेश किया।अपनी मांगों के लिए वे अपना प्रयास करते रहेंगे।कल इन डॉक्टरों द्वारा वृक्षारोपण कर के सकारात्मक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराया जाएगा।रेजीडेट डॉक्टर्स एसोसिएशन की कोर कमेटी के अध्यक्ष डॉ आशुतोष पाराशर, उपाध्यक्ष डॉ आकाश माथुर, संयोजक डॉ अनिल गंगवार, सचिव डॉ अक्षय और प्रवक्ता डॉ अजय शुक्ला ने बताया कि जब एम्स के बराबर वेतन देने की संस्तुति की गयी है तो फिर हम लोगों के साथ सौतेला व्यवहार क्यों? जबकि रेजीडेंट डॉक्टर भी अस्पताल का एक अभिन्न अंग है।
एसजीपीजीआई के रेजीडेंटस डॉक्टरों ने एम्स के बराबर भत्तों की मांग को लेकर विरोध स्वरूप ब्लड डोनेशन कैंप का आयोजन किया
