यश चोपड़ा की एक फ़िल्म जिसकी कहानी अपने से आगे समय की थी

लम्हे यश चोपड़ा की रोमांटिक फिल्मों में सबसे मार्मिक फिल्मों में से एक थीं। हालांकि यह फिल्म सफल नही हो पाई थी लेकिन 1991 में आई फ़िल्म की चर्चा हमेशा होती हैं। हनी ईरानी द्वारा लिखी इस फ़िल्म की कहानी प्रेम के नए अध्याय को गढ़ती हैं। श्री देवी ,अनिल कपूर,अनुपम खेर और वहीदा रहमान जैसे दिग्गज कलाकार इस फ़िल्म में थे। इसकी कहानी में नायक जिसे चाहता है उसे नही पा पाता और उसकी मौत के बाद नायिका के बच्ची की जिम्मेदारी उस पर आ जाती हैं लेकिन वो…

Read More

गीत: उड़ गई निंदिया हमार सखी री परदेसिया के मारे … 

केवल कुमार, एंटरटेनमेंट एडिटर-ICN    “घर पर रहें – घर पर सुनें” हर रोज़ नए गाने गीत– उड़ गई निंदिया हमार सखी री परदेसिया के मारे … गायिका- तान्या भारद्वाज (बाराबंकी) म्यूज़िक अरेंजर और साउंड एडीटर – डी नाथ शर्मा संगीतकार – केवल कुमार गीतकार- अशोक हमराही https://youtu.be/63ZyngH9Gxg बचपन से ही प्रतिभाशाली तान्या भारद्वाज अपने जन्म स्थान गोरखपुर के भव्य दुर्गा पूजा से लेकर अन्य स्थानीय कार्यक्रमों में अपनी प्रस्तुति देती रही हैं, तत्पश्चात बाराबंकी में देवा,महादेवा आदि मोहत्सवों में अपने  गायन व नृत्य (कथक) से उपस्थिति दर्ज़ कराती रही हैं…

Read More

अमीर खुसरो : भारतीय सांस्कृतिक पुरुष

तरुण प्रकाश श्रीवास्तव, सीनियर एग्जीक्यूटिव एडीटर-ICN ग्रुप  यदि मध्यकालीन भारत को एक व्यक्ति के रूप में परखने की पहेली सुलझाने की शर्त हो तो इस शर्त को केवल एक ही उत्तर देकर जीता जा सकता है और वह है – खुद पहेलियों के बादशाह अमीर खुसरो।   अमीर खुसरो न केवल आज इतिहास के अंश हैं बल्कि वे अपने आप में संपूर्ण भूगोल, साहित्य, संगीत, संस्कृति व इतिहास भी हैं और तेजी से भागते हुये समय और बदलते हुये परिवेश के मध्य अपने स्थान पर मजबूती से ठहरा एक कालखण्ड…

Read More

ग़ज़ल: हम तो महफूज़ अपने घर में हैं, फ़िक्र उनकी है जो सफ़र में हैं …

केवल कुमार, एंटरटेनमेंट एडिटर-ICN    “घर पर रहें – घर पर सुनें” हर रोज़ नए गाने ग़ज़ल – हम तो महफूज़ अपने घर में हैं, फ़िक्र उनकी है जो सफ़र में हैं … गायिका– मिथिलेश तिवारी (गोरखपुर) म्यूज़िक अरेंजर – के के सिंह संगीतकार – केवल कुमार गीतकार – अशोक हमराही https://youtu.be/pJe_zc3Of2w गायिका मिथिलेश तिवारी आकाशवाणी व दूरदर्शन की अनुमोदित कलाकार हैं. उन्होंने दर्शनशास्त्र और संगीत गायन में स्नातकोत्तर की शिक्षा प्राप्त की है। मिथिलेश तिवार भजन, गीत , ग़ज़ल, लोक गीत सभी कुछ गाती हैं। अनेक संगीत रूपकों में उन्होंने…

Read More

घर टूट गया

तरुण प्रकाश श्रीवास्तव, सीनियर एग्जीक्यूटिव एडीटर-ICN ग्रुप   कहानी और अब आगे उस रात घर में कोई नहीं सोया। पिताजी रात भर उठ-उठ कर टहलते रहे। माँ की आँखों से उस रात आँसू नहीं, खून बहा था। अनु की आँखें पथरा गईं थीं जिनमें सपने कभी नहीं उगते और मेरी आँखों से बस धधकता हुआ धुआँ निकलता रहा। मैं बार-बार पिताजी के अपमान का बदला लेने आर-पार की लड़ाई के लिये घर से जाना चाहता था लेकिन माँ और पिताजी ने अपना वास्ता देकर मुझे रोक लिया। वे बोले कि वे…

Read More

दुआ: तेरी रेहमत से ये तारीकी जो है छट जाए 

सुहैल काकोरवी, लिटरेरी एडिटर-ICN ग्रुप तेरी रेहमत से ये तारीकी जो है छट जाए तू  जो चाहे तो सिफर तक ये वबा घट जाए O!Lord prevailing darkness must disappear Thy wish can decrease it to zero the pandemic fear वास्ता तुझको तेरी क़ुदरते बेपायां का वो दवा भेज कि बेरहम करना कट जाए We invoke the limitlessness of Thy power Send antidote which may annihilate corona fear जो बला आयी है तू उसको फ़ना करदे खुदा सारे इंसानो में यूँ फ़ज़ल तेरा बट जाए Only Thy favor can end the…

Read More

गीत: तन्हाई तन्हाई कैसी ये तन्हाई …

केवल कुमार, एंटरटेनमेंट एडिटर-ICN    “घर पर रहें – घर पर सुनें” हर रोज़ नए गाने गीत–  तन्हाई तन्हाई कैसी ये तन्हाई … गायिका – मुक्ता चटर्जी (लखनऊ) म्युज़िक अरेंजमेंट और रिकॉर्डिंग – हेम सिंह संगीतकार – केवल कुमार गीतकार – अशोक हमराही https://youtu.be/-dzI7OZD418 गायिका मुक्ता चटर्जी का नाम संगीत के क्षेत्र में काफ़ी जाना पहचाना है। उन्होंने जयपुर घराने के प्रख्यात संगीतकार अहमद हुसैन और मोहम्मद हुसैन तथा लखनऊ के संगीतकार कैलाश श्रीवास्तव और गुलशन भारती जैसे गुरुओं से संगीत की शिक्षा प्राप्त की। आकाशवाणी और दूरदर्शन सहित देश के…

Read More

ग़ज़ल: कैसे कह दूं की हमें उनका इन्तिज़ार नहीं …

केवल कुमार, एंटरटेनमेंट एडिटर-ICN    “घर पर रहें – घर पर सुनें” हर रोज़ नए गाने ग़ज़ल –  कैसे कह दूं की हमें उनका इन्तिज़ार नहीं … राग – किरवानी गायिका – एला सेन (मुंबई) वीडियो रेकार्डिंग – अर्पी महेश्वरी संगीतकार – केवल कुमार गीतकार – अशोक हमराही https://youtu.be/H9CYfOGTD3k गायिका एला सेन मुंबई आकाशवाणी से जुडी हुई हैं. वह आकाशवाणी के लिए ग़ज़ल और भजन गाती हैं. दूरदर्शन के शाम –ए –ग़ज़ल कार्यक्रम में वह कई बार शिरकत कर चुकी हैं. श्री कुलदीप सिंह के संगीत निर्देशक में उन्हें दूरदर्शन के…

Read More

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के भीष्म पितामह अमीर खुसरो विश्वगुरु भारत की अनमोल धरोहर है

एज़ाज़ क़मर, एसोसिएट एडिटर-ICN  नई दिल्ली। राष्ट्रवाद एक आधुनिक संकल्पना है जिसका विकास पुनर्जागरण के बाद यूरोप मे राष्ट्र आधारित राज्यो के रूप मे हुआ,वास्तव मे आधुनिक राष्ट्रवाद का उदय अट्ठारहवी सदी के लगभग युरोप मे हुआ था,किन्तु केवल दो-ढाई सौ साल के छोटे से काल मे यह विचार इतिहास मे एक शक्तिशाली राजनीतिक विचारधारा के रूप मे स्थापित हो गया है,क्योकि मनुष्य अपने आर्थिक, राजनैतिक और सामाजिक हितो को लेकर बेहद तंगनज़र और स्वार्थी हो गया है अर्थात उसे जोड़ने (Inclusive) के बजाय तोड़ने (Exclusive) मे ही अपना हित…

Read More